• WRS में 101 फीट रावण का दहन, शानदार आतिशबाजी, CM हुए शामिल

    रायपुर के WRS मैदान में संभवतः छत्तीसगढ़ के सबसे ऊंचे रावण का दहन किया गया। इस दौरान जमकर आतिशबाजी की गई। पूरे प्रदेश में आज दशहरे की धूम थी। शाम को जगह-जगह रावण के पुतले जलाए गए। 

    रायपुर, 20 अक्टूबर 2026। छत्तीसगढ़ में आज दशहरा हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है। सायंकाल रावण के पुतले का वध किया गया। राम और रावण की झांकी निकाली गई तथा उनके मध्य युद्ध भी हुआ। दुर्ग में बग्घी में सवार होकर राम, रावण दहन के लिए पहुंचे। वहीं रायपुर के WRS मैदान में संभवतः छत्तीसगढ़ के सबसे ऊंचे रावण के पुतले का दहन किया गया। उसके पश्चात जमकर आतिशबाजी की गई। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रावण दहन कार्यक्रम के मुख्य अतिथि थे। इस दौरान सीएम साय और सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने तलवार लहराई। हजारों की संख्या में लोग डब्ल्यूआरएस मैदान पहुंचे थे। रावण दहन और आतिशबाजी का नजारा देखकर लोग रोमांचित हो उठे।

    वहीं बिलासपुर के रेलवे ग्राउंड में 65 फीट ऊंचे रावण का दहन किया गया। दुर्ग में भगवान राम, लक्ष्मण और सीता बग्घी में सवार होकर पहुंचे। दशहरा उत्सव और रावण वध कार्यक्रम में तकनीकी शिक्षा सचिव बसवराजू, दुर्ग आईजी अभिषेक शांडिल्य और कलेक्टर अभिजीत सिंह भी पहुंचे थे। जगदलपुर में रावण दहन की परंपरा नहीं है। वहां 75 दिनों तक बस्तर दशहरा चलता है लेकिन रावण नहीं जलाया जाता।  वहीं बेमेतरा के मंडी प्रांगण में राम- रावण युद्ध और रावण वध देखने बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। 

    कबीरधाम जिले के पोंड़ी और बोड़ला में दशहरा उत्सव खूब आतिशबाजी की गई। भगवान श्री राम की सेना और लंकेश की सेना अलग-अलग वाहनों में सवार होकर पहुंचे। रावण दहन के पूर्व राम- रावण के बीच जमकर युद्ध हुआ। बोड़ला ट्राइबल ब्लॉक मुख्यालय है वहां वनांचल से बड़ी संख्या में लोग दशहरा देखने पहुंचे हैं। वहां रात भर दशहरा उत्सव चलता है। रात में सांस्कृतिक कार्यक्रम लोगों की काफी भीड़ रहती है। उधर रायगढ़ के रामलीला मैदान, मिनी स्टेडियम और नेटवर हाई स्कूल मैदान में रावण के पुतले का दहन किया गया। प्रदेश भर से दशहरा उत्सव और रावण वध हर्षोल्लास के साथ मनाए जाने की खबर मिल रही है। कुछ जगहों में कल दशहरा मनाया जाएगा।